हल्द्वानी— उत्तराखंड राज्य सूचना आयोग के निर्देशानुसार उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ लॉ द्वारा आयोजित सूचना के अधिकार (Right to Information) विषयक एक सप्ताहीय जनजागरूकता कार्यक्रम आज सफलतापूर्वक सम्पन्न हो गया। यह अभियान 5 अक्टूबर से प्रारंभ होकर 12 अक्टूबर तक चला।
इस अवधि में विश्वविद्यालय ने हेलो हल्द्वानी 91.2 एफएम के माध्यम से सूचना के अधिकार पर विशेष रेडियो वार्ताओं की श्रृंखला प्रस्तुत की।
इन वार्ताओं का उद्देश्य जन-जन तक आरटीआई अधिनियम की जानकारी पहुँचाना और नागरिकों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
विश्वविद्यालय का यह प्रसारण न केवल उत्तराखंड तक सीमित रहा, बल्कि इसके ऐप और यूट्यूब चैनल के माध्यम से इसकी पहुंच देश और विदेश तक विस्तृत हुई।
कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों और आमजन के लिए ऑनलाइन क्विज प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इस क्विज के माध्यम से प्रतिभागियों को सूचना के अधिकार के प्रावधानों की जानकारी दी गई और अधिनियम की उपयोगिता को समझने के लिए प्रेरित किया गया।
उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय देश का एकमात्र विश्वविद्यालय है जो सूचना के अधिकार पर प्रमाणपत्र कार्यक्रम (Certificate Programme) संचालित करता है। साथ ही, विश्वविद्यालय के स्किल इन्हेंसमेंट कार्यक्रम के अंतर्गत उत्तराखंड सहित देशभर के 10,000 से अधिक विद्यार्थी स्कूल ऑफ लॉ से जुड़े हुए हैं।
कार्यक्रम के सफल आयोजन पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी ने स्कूल ऑफ लॉ की टीम को बधाई देते हुए कहा कि सूचना का अधिकार लोकतांत्रिक शासन व्यवस्था की आत्मा है।
इस अधिकार के प्रति नागरिकों में जागरूकता बढ़ाने का कार्य उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय निरंतर कर रहा है। ऐसे आयोजन पारदर्शिता, सुशासन और नागरिक सशक्तिकरण की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होंगे।
कुलपति प्रो. लोहनी ने सभी विद्यार्थियों और शिक्षकों से इस जागरूकता को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुँचाने का आह्वान किया।
