
हल्द्वानी— हल्दूचौड़ स्थित मदरसन कंपनी में कार्यरत युवती रिमझिम की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से क्षेत्र में भारी आक्रोश देखने को मिला।
इस दुखद घटना के बाद पीड़ित परिवार के समर्थन में स्थानीय जनप्रतिनिधि, श्रमिक संगठन और सामाजिक लोग खुलकर सामने आए। हल्द्वानी मोर्चरी में पुलिस प्रशासन, मजिस्ट्रेट और कंपनी प्रबंधन की मौजूदगी में हुई वार्ता के बाद पीड़ित परिवार की कई अहम मांगों पर सहमति बनी।
कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता नीरज तिवारी ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि किसी भी कर्मचारी की सुरक्षा के साथ लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जा सकती। उन्होंने निष्पक्ष जांच, पारदर्शिता और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग उठाई।

उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कंपनी में श्रमिक सुरक्षा, कार्यस्थल निगरानी और जवाबदेही को और मजबूत करना जरूरी है।
हल्द्वानी मोर्चरी में लामाचौड़ क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और श्रमिकों की मौजूदगी में प्रशासन और कंपनी प्रबंधन के साथ लंबी वार्ता हुई। कंपनी प्रबंधन ने परिवार की मांगों पर लिखित सहमति दी है।
मदरसन प्रबंधन और श्रमिकों के बीच इन बातों पर बनी सहमति..
मृतका की बहन को कंपनी में नौकरी देने पर सहमति।
नाबालिग भाई को बालिग होने के बाद नौकरी देने का आश्वासन।
परिवार को ₹6 लाख मुआवजा चार दिन के भीतर देने की बात।
ESI, EPF और अन्य सरकारी प्रक्रियाएं एक सप्ताह में पूरी करने का आश्वासन।
मृतका के छोटे भाई की डिप्लोमा या डिग्री शिक्षा का पूरा खर्च कंपनी द्वारा उठाने की सहमति।
बताते चलें बीते रोज रिमझिम फैक्ट्री से बाहर निकलते समय अचानक गिर पड़ी थीं। कंपनी प्रबंधन द्वारा उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद से परिजनों और श्रमिकों में भारी आक्रोश देखा गया।
