Category: हल्द्वानी

  • कौशल पाठ्यक्रमों के लिए गठित विशेषज्ञ समिति की बैठक में लिए गए कई फैसले: यूओयू

    कौशल पाठ्यक्रमों के लिए गठित विशेषज्ञ समिति की बैठक में लिए गए कई फैसले: यूओयू

     

    हल्द्वानी–  उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय तीनपानी,हल्द्वानी के व्यावसायिक अध्ययन विभाग द्वारा आज दिनांक 3/6/2024 को नए कौशल पाठ्यक्रमों को तैयार किए जाने हेतु विशेषज्ञ समिति की बैठक आयोजित की गई।

     

     

    कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय कुलपति ओ पी एस नेगी जी के द्वारा की गयी तथा इस बैठक में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में अनुभवी विशेषज्ञों ने भाग लिया।

     

     

    जिसमे प्रमुख रूप से प्रो. दीपक कुमार पांडे, सहायक निदेशक, उच्च शिक्षा एवं नोडल अधिकारी, देवभूमि उद्यमिता योजना, उत्तराखंड; श्री भगत सिंह, अपर निदेशक, राष्ट्रीय कौशल संस्थान, हल्द्वानी; डॉ. अमित कुमार द्विवेदी, परियोजना निदेशक, देवभूमि उद्यमिता योजना, भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान, अहमदाबाद; डॉ. सुमित कुमार, उद्यमिता विशेषज्ञ (शैक्षणिक एवं अनुसंधान), भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान,(EDII) अहमदाबाद; श्री करन सिंह, उप निदेशक, नैसकॉम, नई दिल्ली; सुश्री सुभनी त्यागी, उप प्रबन्धक, नैसकॉम, नई दिल्ली; प्रोफेसर जीतेंद्र पांडे, निदेशक, कंप्यूटर साइंस एंड आईटी, डॉ आशुतोष कुमार भट्ट, व्यावसायिक अध्ययन विभाग, डॉ. मनोज कुमार पांडे,पर्यटन विभाग व् सुश्री रिया गिरी, कंप्यूटर साइंस ने प्रतिभाग किया।

     

     

     

    समिति ने नए कौशल विकास व् रोजगार परक पाठ्यक्रमो के चयन ,संचालन व भविष्य में संचालित किये जाने के विषय में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिए।

     

     

    बैठक में यह निर्णय लिया गया की भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान (EDII) ,अहमदाबाद के साथ मिलकर उद्यमिता विकास कार्यक्रम में छः माह का प्रमाणपत्र व एक साल का डिप्लोमा कोर्स “स्टार्टअप एन्त्रेप्रेनेऔर्शिप व् इंटरप्राइज डेवलपमेंट’ का प्रोग्राम संचालित किया जायेगा।

     

     

    समिति ने नेस्कॉम(NASSCOM) के सहयोग से इमर्जिंग टेक्नोलॉजी पर पाठ्यक्रम शुरू करने की शिफारिस की.राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान (NSTI)के साथ मिलकर भविष्य में सहयोगात्मक रूप से रोजगार परक कार्यक्रम संचालित किये जायेंगे.

     

    कार्यक्रम का संचालन डॉ गोपाल दत्त ने किया। कार्यक्रम के अंत में कुलपति महोदय ने सभी उपस्थित व्यक्तियों का आभार व्यक्त किया. और कहा कि यह संयुक्त प्रयास युवाओं को नौकरी के अवसरों और उनके करियर के विकास में मदद करेगा।

  • आम्रपाली के होनहार छात्रों को मिलेगी स्कॉलरशिप……

    आम्रपाली के होनहार छात्रों को मिलेगी स्कॉलरशिप……

    हल्द्वानी- हल्द्वानी की आम्रपाली यूनिवर्सिटी एक बेहतरीन कार्य करने जा रही है। प्रबंधन समिति ने हल्द्वानी में संवाद कार्यक्रम के जरिए प्रेस कांफ्रेंस कर बताया की यूनिवर्सिटी बनने के बाद विभिन्न प्रकार के नए प्रोफेशनल कोर्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सहित हॉस्पिटेलिटी और टूरिज्म क्षेत्र में नए कोर्स लाने जा रही है। दरअसल आम्रपाली इंस्टिट्यूट को अब आम्रपाली यूनिवर्सिटी का दर्जा मिल चुका है

     

    इसके बाद से ही यूनिवर्सिटी के विस्तार से लेकर पहाड़ के गरीब छात्रों के लिए शत प्रतिशत छात्रवृत्ति को लेकर आम्रपाली यूनिवर्सिटी द्वारा कई नई योजनाओं को शुरू किया है। जिसकी जानकारी प्रबंधन ने संवाद कार्यक्रम के तहत मीडिया के समक्ष रखी, यूनिवर्सिटी के सीईओ डा.संजय ढींगरा ने कहा कि यूनिवर्सिटी पहाड़ के होनहार छात्रों को मुफ्त में कोर्सेस कराने जा रही है,

     

    पत्रकारों के बच्चों सहित आर्मी, पैरामेडिकल कॉलेज सहित होनहार छात्रों के लिए अलग से स्कॉलर शिप व्यवस्था की गई है ताकि पहाड़ के दुर्गम इलाकों के छात्र पैसे के अभाव में उच्च शिक्षा से वंचित न रहें।

     

  • नगर निगम ने सुशीला तिवारी अस्पताल के पास दिन में अतिक्रमण हटाया, अतिक्रमण हटाने के बाद रात में फिर लगे ठेले……

    नगर निगम ने सुशीला तिवारी अस्पताल के पास दिन में अतिक्रमण हटाया, अतिक्रमण हटाने के बाद रात में फिर लगे ठेले……

    हल्द्वानी- सुशीला तिवारी अस्पताल के पास दिन में नगर निगम की ओर से अतिक्रमण हटाने के बाद रात में फिर से अवैध रूप से फड़ लग गए। सूचना पर अस्पताल के सुरक्षा गार्ड ठेले हटाने पहुंच गए। इस दौरान हंगामा हुआ।  सुशीला तिवारी अस्पताल के पास दिन में नगर निगम की ओर से अतिक्रमण हटाने के बाद रात में फिर से अवैध रूप से फड़ लग गए।

    सूचना पर अस्पताल के सुरक्षा गार्ड ठेले हटाने पहुंच गए। इस दौरान अतिक्रमणकारियों से उनकी तकरार हो गई और काफी देर तक हंगामा हुआ। सुरक्षा गार्डों का आरोप है कि सभी फड़ विक्रेता एकत्र हो गए और गालीगलौल करने के साथ फड़ नहीं हटाने की जिद पर अड़ गए। इसके बाद सुरक्षा गार्ड लौट गए। प्राचार्य डॉ. अरुण जोशी ने बताया कि पक्के अतिक्रमण हट गए हैं लेकिन कुछ लोग अराजकता फैला रहे हैं। अगर लोग नहीं माने तो फिर पुलिस कार्रवाई की जाएगी।

     

     

    वहीं, फड़ ठेला व्यवसायियों नें सुशीला तिवारी अस्पताल के पास अथवा किसी अन्य स्थान पर फड़-ठेले लगाने की मांग को लेकर उपजिलाधिकारी कार्यालय के सामने नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। एसडीएम दफ्तर के समीप एकत्रित फड़ ठेला व्यवसायियों का कहना था कि नगर निगम के हटा देने के कारण उनके सामने रोजी-रोटी का संकट पैदा हो गया है। प्रदर्शनकारियों में टिंकू साहू, कमला पांडे, फिरोज खान, राजू, राहुल खंडेलवाल, श्यामबाबू, रमेश बाबू आदि रहे।

     

  • नए राष्ट्र के निर्माण के लिए हिन्दी पत्रकारिता आवश्यक।

    नए राष्ट्र के निर्माण के लिए हिन्दी पत्रकारिता आवश्यक।

     

    हल्द्वानी–)  भाषा के बिना पत्रकारिता अधूरी है आज भाषा का क्षरण हो गया है मीडिया शिक्षार्थियों का साहित्य से नाता टूट गया है।

     

    भारतीय भाषाओं के अखबारों में अपनी माटी की खुशबू है। जिसका जिंदा रहना जरूरी है ये कहना है प्रोफेसर के.जी सुरेश का जो कि एशिया के पहले व देश के सबसे बड़े मीडिया संस्थान माखन लाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय के कुलपति हैं.

     

    उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के जनसंचार एवं पत्रकारिता विभाग द्वारा हिंदी पत्रकारिता दिवस पर एक दिवसीय राष्ट्रीय सेमिनार का। सेमिनार में बतौर मुख्य अतिथि उन्होंने कहा कि आजादी के वक्त राष्ट्रीयता हमारी पत्रकारिता का अभिन्न अंग थी

     

    आज भी एक पत्रकार को एक मीडिया पेशेवर को अपने राष्ट्र को केन्द्र में रखकर पत्रकारिता करनी चाहिए

     

    उन्होंने कहा कि हिंदी का पहला अखबार उदंत मार्तंड बेशक 9 माह में बंद हो गया था । लेकिन उसका प्रभाव बहुत गहरा पड़ा। उन्होंने मीडिया के शिक्षार्थियों के अलावा भी देश के हर व्यक्ति के लिए मीडिया साक्षरता को जरूरी माना।

     

     

    इस मौके पर सेमिनार के उद्घाटन सत्र में मुख्य वक्ता भारतीय जन संचार संस्थान नई दिल्ली में प्रोफेसर डा. प्रमोद कुमार ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता के 200 सालों में हमें आत्मअवलोकन करने की जरूरत है कि समाज के सभी तबकों को मुख्यधारा में क्या हम ला पाए हैं।

     

    उन्होंने मीडिया संस्थानों को पाठक सर्वे करने की सलाह देते हुए कहा कि सकारात्मक खबरों को अखबारों को प्रमुखता से प्रकाशित करना चाहिए ताकि लोगों में निराशा की जगह उत्साह का संचार हो।

     

    सेमिनार में उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. ओ.पी.एस नेगी ने कहा कि पत्रकारिता ही समाज को दिशा देती है लोगों को सूचना सम्पन्न बनाती है इसीलिए एक पत्रकार का संवेदनशील होना, दूरदृष्टिवान होना राष्ट्र के लिए सोचना बहुत जरूरी है।

     

    सेमिनार के सहप्रायोजक एमबीपीजी कालेज हल्द्वानी के प्रिंसिपल प्रो. बनकोटी ने भी पत्रकारिता में जनसरोकारों की जरूरत को जरूरी बताया।

     

    यह सेमिनार मीडिया स्टडीड एंड रिसर्च एसोसिएशन, एमबीपीजी कालेज हल्द्वानी व उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के सहयोग से आयोजित की गई थी।

     

    सेमिनार का मुख्य विषय था विकसित भारत 2047 का संकल्प और न्यू मीडिया ; हिंदी पत्रकारिता के विशेष संदर्भ में सेमिनार के आयोजक विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं मीडिया अध्ययन विद्याशाखा के विभागाध्यक्ष डा. राकेश रयाल ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता के इन 198 सालों में भाषाई तौर पर पत्रकारिता में काफी गिरावट आई है।

     

    मीडिया शिक्षार्थियों की नई पीढ़ी न तो हिंदी की देवनागरी लिपी पंसद करती है और न ही रिपोर्टिंग वाली पत्रकारिता को। सभी को एंकर बनना है या फिर कारपोरेट में इवेंट मैनेजर. ऐसे में चुनौती बड़ी है कि कैसे पत्रकारिता की नयी पीढी के सामने हिंदी पत्रकारिता के आर्दशों को रखा जाए।

     

    मानविकी विद्याशाखा की निदेशक प्रो. रेनू प्रकाश ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय द्वारा नये रचनात्मक प्रयोग किये जाएंगे।

     

    इस मौके पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. पी.डी, पंत ने सभी अतिथियों का आभार जताया। सेमिनार का संचालन हिंदी विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर डा. शशांक शुक्ला ने किया।

     

    सेमिनार के द्वितीय सत्र में बतौर मुख्य वक्ता वरिष्ठ पत्रकार जगमोहन रौतेला ने हिंदी पत्रकारिता के लिए उत्तराखंड के पत्र पत्रिकाओं पर बहुत विस्तार से बात रखी।

     

    टिहरी राजशाही का आंदोलन हो या स्वतंत्रता संग्राम या फिर उत्तराखंड आंदोलन हिंदी अखबारों ने ही लोगों में चेतना का प्रचार प्रसार किया।

     

    इस मौके पर उत्तराखंड के वरिष्ठ पत्रकार डॉ. गणेश पाठक ने बतौर अध्यक्षीय उद्बोधन में अपने 30 साल के पत्रकारिता के अनुभवों को साझा किया।

     

    इस मौके पर दर्जन भर शोधार्थियों ने विभिन्न विषयों पर शोध पत्र पढ़े जिनमें उत्तराखंड मुक्त विवि के शोधार्थी गणेश जोशी ने हिंदी पत्रकारिता में हिंदी भाषा पर अपना पत्र प्रस्तुत किया।

     

    आशा जोशी ने हिंदी पत्रकारिता और तकनीकि पर पत्र पढ़ा। दीपिका नेगी ने सोशल मीडिया में फेक न्यूज पर पेपर प्रस्तुत किया।

     

    सेमिनार में एमबीपीजी कालेज ह्ल्दवानी, राजकीय महाविद्यालय कोटाबाग व उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के शोधार्थियों ने शोध पत्र प़ढ़े।

     

    इस मौके पर संगोष्ठी के सह सयोंजक राजेंद्र क्वीरा, अल्मोड़ा में हिंदी विभाग में डा. ममता पंत, डा. कल्पना लखेड़ा, डा. अखिलेश सिंह, डा. मनोज पांडे, डा. डिगर सिंह फरर्सवाण, मीडिया स्टडीज एंड रिसर्च एसोसिएशन के विपिन चन्द्रा, भूपेन्द्र सिंह, सुमित सिंह, अनिल नैलवाल, हरीश गोयल, विभु कांडपाल समेत कई लोग उपस्थित रहे।

  • हल्द्वानी में राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद के द्वारा रामपुर रोड स्थित कार्यालय में मनाया गया स्थापना दिवस……

    हल्द्वानी में राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद के द्वारा रामपुर रोड स्थित कार्यालय में मनाया गया स्थापना दिवस……

    हल्द्वानी/कोटद्वार- हल्द्वानी में राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा परिषद के द्वारा आज रामपुर रोड स्थित कार्यालय में स्थापना दिवस मनाया गया इस मौके पर परिषद की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अलका सक्सेना ने केक काट के स्थापना दिवस मनाया वहीं अलका शिक्षा ने कहा कि आज इस प्रकार से पत्रकारों के साथ गलत व्यवहार किया जा रहा है। पत्रकारों को गलत निगाह से देखा जा रहा है

     

    जिसके चलते पत्रकार संघ के द्वारा सभी पत्रकारों के हितों के लिए संघर्ष किया जाएगा इसके लिए राष्ट्रीय पत्रकार हमेशा तत्पर तैयार रहेगा इस संघ के द्वारा पूरे भारत में पत्रकारों को एकजुट होकर पत्रकारों के हितों के लिए लड़ा जाएगा।

     

    इस मौके पर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्रीमती अलका सक्सेना, पंकज सक्सेना, समी आलम,दीपक अधिकारी, वंदना आर्य, आरिश सिद्दीकी, सपना मकवाना, श्रीमती भावना रावत, मीणा आर्य,आदि लोग मौजूद रहे।

  • दिन हो या रात, नैनिताल पुलिस डटी है मुस्तैदी के साथ।

    दिन हो या रात, नैनिताल पुलिस डटी है मुस्तैदी के साथ।

    हलद्वानी– दिन हो या रात नैनीताल पुलिस डटी है मुस्तैदी के साथ, यातायात व्यवस्था को सरल-सुगम बनाने हेतु है प्रतिबद्ध।

     

    वर्तमान पर्यटन सीजन की दृष्टिगत नैनीताल जनपद के विभिन्न दर्शनीय स्थलों में भारी संख्या में सैलानी पहुँच रहे हैं।

     

    प्रहलाद नारायण मीणा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल द्वारा  पर्यटकों की सुरक्षा एवम सुगम यातायात हेतु पुलिस बल को तैनात किया गया है।

     

    नैनीताल जनपद के  पुलिस कर्मियों द्वारा पर्यटकों हेतु सुगम, सुरक्षित, बेहतर संचालन व निर्बाध यातायात प्रदान करने हेतु दिन-रात, धूल-मिट्टी, बरसात एवं कड़ी धूप में चौराहों पर खड़े होकर यातायात का सुचारु रुप से संचालन  किया जा रहा है।

     

    यातायात ड्यूटी पर तैनात जवान लगातार कर्तव्यनिष्ठाता के साथ यातायात सुचारू करने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर रहे हैं।

  • पांच क्षय रोगी लिए गोद, यु ओ यू के कुलपति रक्खेंगे ख्याल।

    पांच क्षय रोगी लिए गोद, यु ओ यू के कुलपति रक्खेंगे ख्याल।

    हलद्वानी–  उत्‍तराखण्‍ड मुक्‍त विश्‍वविद्यालय बना नि-क्षय मित्र।

     

    प्रधानमंत्री टी0बी0 मुक्‍त भारत अभियान के तहत उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. ओ. पी. एस. नेगी के नेतृत्व में विश्‍वविद्यालय द्वारा 05 क्षय रोगीयों को गोद लिया गया है।

     

    विश्‍वविद्याल हेतु 06 माह तक इन 05 क्षय रोगियों को न्‍यूट्रीशन किट प्रदान की जायेगी। इस हेतु श्रीमती रेखा बिष्‍ट, सहायक क्षेत्रीय निदेशक को नोडल ऑफिसर नामित किया गया है।

     

     

    इस माह विश्‍वविद्यालय ने 05 क्षय रोगियों को न्‍यूट्रीशन किट सोबन सिंह जीना बेस हॉस्‍पिटल में प्रदान किये।

     

    जिसमें प्रो0 पी0डी0 पंत, कुलसचिव, डॉ0 डिगर सिंह फर्सर्वाण, श्रीमती रेखा बिष्‍ट एवं श्री बृजेश कुमार बनकोटी सहायक क्षेत्रीय निदेशक, श्री विभू काण्‍डपाल तथा श्री प्रमोद भट्ट, वरिष्ठ उपचार निरीक्षक, हल्द्वानी ब्लॉक उपस्थित रहे।

  • विकसित भारत @2047 का संकल्प और न्यू मीडिया: हिंदी पत्रकारिता के विशेष संदर्भ पर संगोष्ठी उत्तराखंड मुक्त विस्वविद्यालय में।

    विकसित भारत @2047 का संकल्प और न्यू मीडिया: हिंदी पत्रकारिता के विशेष संदर्भ पर संगोष्ठी उत्तराखंड मुक्त विस्वविद्यालय में।

    हल्द्वानी–  पत्रकारिता एवं मीडिया अध्ययन विद्याशाखा उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय द्वारा हिंदी पत्रकारिता दिवस के क्रम में 28 मई को एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी आयोजित की जाएगी।

     

    ‘विकसित भारत @2047 का संकल्प और न्यू मीडिया: हिंदी पत्रकारिता के विशेषसंदर्भ में’ विषय पर संगोष्ठी होगी।

     

    कार्यक्रम को लेकर निदेशक अकादमिक प्रो. पीडी पंत की अध्यक्षता में शनिवार को बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की गई।

     

    पत्रकारिता एवं मीडिया अध्ययन विद्याशाखा के अध्यक्ष एवं आयोजन सचिव डॉ. राकेश रयाल ने बताया कि प्रत्येक वर्ष 30 मई को हिंदी पत्रकारिता दिवस मनाया जाता है।

     

    इस वर्ष हिंदी पत्रकारिता के 198 वर्ष पूर्ण हो रहे हैं। इस अवसर पर विश्वविद्यालय का पत्रकारिता एवं मीडिया विभाग एक दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन कर रहा है।

     

    संगोष्ठी में माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय भोपाल के कुलपति प्रो. के.जी. सुरेश बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग करेंगे।

     

    जबकि यूओयू के कुलपति प्रो. ओपीएस नेगी आयोजन के अध्यक्ष होंगे। भारतीय जन संचार संस्थान दिल्ली के प्राध्यापक प्रो. प्रमोद कुमार मुख्य वक्ता होंगे। जबकि वरिष्ठ पत्रकार जगमोहन रौतेला क्षेत्रीय पत्रकारिता पर व्याख्यान देंगे। पत्रकारिता के साथ ही अन्य विषयों के शोधार्थियों द्वारा संगोष्ठी में शोध पत्र प्रस्तुत किए जाएंगे।

     

    जबकि प्राध्यापक और विद्यार्थी भी समारोह में शामिल होंगे। आयोजन का उद्देश्य हिंदी पत्रकारिता को बढ़ावा देना, हिंदी पत्रकारिता के क्षेत्र में रोजगार, आधुनिक तकनीकी के साथ पत्रकारिता को सशक्त बनाने, हिंदी पत्रकारिता के 198 वर्षों का सफर सहित अन्य विषयों पर मंथन किया जाएगा।

  • हल्द्वानी- हाईकोर्ट से हल्द्वानी हिंसा के मास्टरमाइंड मलिक को राहत……

    हल्द्वानी- हाईकोर्ट से हल्द्वानी हिंसा के मास्टरमाइंड मलिक को राहत……

    हल्द्वानी- हल्द्वानी हिंसा के मास्टरमाइंड अब्दुल मलिक को नगर निगम की ओर से भेजे 2.68 करोड़ के वसूली नोटिस पर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी। मामले की सुनवाई वरिष्ठ न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की एकलपीठ में हुई। नगर निगम हल्द्वानी की ओर से बनभूलपुरा में 08 फरवरी को हुई हिंसा में नुकसान के बदले में आरोपी मलिक को 2.68 करोड़ का नोटिस भेजा गया था।

    नोटिस में तीन दिन के अदंर उक्त धनराशि नगर निगम में जमा कराने को कहा गया था। हल्द्वानी तहसीलदार ने आरोपी को 25 अप्रैल 2024 को वसूली नोटिस जारी किया था। आरोपी ने इस आदेश को उच्च न्यायालय में चुनौती दी थी। याचिकाकर्ता ने कहा कि उन पर लगाए गए आरोप सिद्ध नहीं हुए हैं। वाद न्यायालय में लंबित है। उससे अभी वसूली नहीं की जा सकती। दोष सिद्ध होने पर ही रिकवरी की जा सकती है। 

     

  • बनभूलपुरा के आरोपियों में से मुख्य आरोपियों को हल्द्वानी जेल से दूसरी जेल भेजा जायगा…..

    बनभूलपुरा के आरोपियों में से मुख्य आरोपियों को हल्द्वानी जेल से दूसरी जेल भेजा जायगा…..

    हल्द्वानी- बनभूलपुरा के आरोपियों में से मुख्य आरोपियों को हल्द्वानी जेल से दूसरी जेल भेजा जा सकता है। पुलिस को खुपिया इनपुट मिले हैं। जिसमें बताया गया है कि इनके हल्द्वानी जेल में रहने से जेल और हल्द्वानी की शांति में प्रभाव पड़ सकता है। बनभूलपुरा के आरोपियों में से मुख्य आरोपियों को हल्द्वानी जेल से दूसरी जेल भेजा जा सकता है। पुलिस को खुपिया इनपुट मिले हैं। जिसमें बताया गया है कि इनके हल्द्वानी जेल में रहने से जेल और हल्द्वानी की शांति में प्रभाव पड़ सकता है।

    उधर हल्द्वानी जेल बनभूलपुरा से नजदीक होने के कारण यहां मिलने वालों का तांता लगा रहता है। बनभूलपुरा हिंसा को तीन माह से अधिक समय गुजर चुका है और इस हिंसा के आरोप में अब तक 107 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इन बंदियों को नैनीताल जिला कारागार और हल्द्वानी उप कारागार में रखा गया है। इसमें से अधिकांश हल्द्वानी जेल में ही हैं।

    हल्द्वानी जेल बनभूलपुरा से नजदीक होने के कारण यहां इनसे मिलने वाले भी अधिक आ रहे हैं। सूत्रों के अनुसार पुलिस के हाथ जानकारी लगी है। इसमें पुलिस को इनपुट मिले हैं। जिसमें कहा गया है कि बनभूलपुरा से नजदीक होने के कारण हल्द्वानी जेल में इन आरोपियों से मिलने के लिए लंबी लाइन लग रही है। इससे एक ओर जेल की शांति भंग हो रही है। दूसरी ओर जेल को भी खतरा हो सकता है।