हल्द्वानी— उत्तराखंड खेल परिषद के नवनियुक्त उपाध्यक्ष मोहन पाठक ने पदभार ग्रहण करने के बाद अपनी पहली प्रेस वार्ता में प्रदेश में खेलों के विकास को लेकर सरकार की प्राथमिकताओं और कार्ययोजना साझा की।
उन्होंने कहा कि सरकार ने उन्हें जो दायित्व सौंपा है, उसका पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निर्वहन किया जाएगा तथा युवाओं को और ग्रमीण क्षेत्र के स्कूलों में खेलों से संबंधित सुबिधायें पहुचाने का प्रयास किया जाएंगा।
मोहन पाठक ने बताया कि प्रदेश में प्रस्तावित खेल विश्वविद्यालय का कार्य तेजी से चल रहा है और अगस्त माह से प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में खेलों में रुचि रखने वाले प्रतिभाशाली युवाओं को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि उन्हें बेहतर प्रशिक्षण और भविष्य में अच्छे अवसर मिल सकें।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी विद्यालयों में खेल किट उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया जाएगा। साथ ही, दुर्गम और दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यालयों तक पहुंचकर खेल प्रतिभाओं की पहचान की जाएगी और उन्हें आगे बढ़ने का अवसर प्रदान की जाएगा।
उनका कहना था कि ग्रामीण और पर्वतीय क्षेत्रों में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, जरूरत उन्हें खोज कर उचित मंच दिलाने की हैं। उस पर कार्य किया जाएगा।
मोहन पाठक ने कहा कि हल्द्वानी एक खेल गतिविधियों का प्रमुख केंद्र है और यहां के खेल मैदानों को और बेहतर विकसित किया जाएगा। उन्होंने प्रदेश में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजनों को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया।
उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य केवल खेल सुविधाओं का विस्तार करना नहीं, बल्कि युवाओं में खेल भावना को विकसित करना है। “जितना बेहतर मुझसे हो सकता हैं, उतना प्रदेश की युवा पीढ़ी के लिए करने की कोशिश करूंगा,।
