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उत्तराखंड–  उत्तराखंड में लगातार तीसरे दिन भी बारिश का सिलसिला जारी है। मौसम विभाग ने देहरादून और बागेश्वर जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी है। वहीं टिहरी, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, नैनीताल, चमोली और पिथौरागढ़ जिलों में भी कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

देहरादून और बागेश्वर में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने तथा अति तीव्र से अत्यंत तीव्र बारिश के दौर पड़ सकते हैं। राज्य के शेष जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है, जहां तेज बारिश, बिजली चमकने और गरज-चमक की संभावना बनी हुई है।

प्रदेशभर में सड़कें बाधित, स्कूल बंद

लगातार हो रही बारिश, भूस्खलन और पहाड़ों से गिरते मलबे के कारण उत्तराखंड में कई प्रमुख सड़कें बाधित हो गई हैं। हालात को देखते हुए बागेश्वर और उत्तरकाशी जिलों में 21 जुलाई को सभी सरकारी, अर्द्धसरकारी और निजी स्कूलों के साथ-साथ आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित किया गया है।

मसूरी रोड बंद, चारधाम यात्रा स्थगित

देहरादून के आईटी पार्क क्षेत्र में सोमवार को कई सड़कें जलमग्न हो गईं, जबकि देहरादून-मसूरी रोड पर 20वें किलोमीटर के पास सड़क धंसने से स्टेट हाईवे बंद करना पड़ा।

राज्यभर में भूस्खलन के कारण 150 से अधिक सड़कें बंद होने के बाद प्रशासन ने चारधाम यात्रा को फिलहाल स्थगित कर दिया है। केदारनाथ, बद्रीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री मार्गों पर फंसे श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थानों पर रोका गया है।

गढ़वाल कमिश्नर ने निर्देश दिए हैं कि मार्ग सुरक्षित घोषित होने के बाद ही यात्रा दोबारा शुरू कराई जाए।

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हादसों ने बढ़ाई चिंता

पिथौरागढ़ में आकाशीय बिजली गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि बागेश्वर में सरयू नदी में बहा 8 वर्षीय बच्चा अभी भी लापता है। प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें राहत एवं बचाव कार्य में लगातार जुटी हुई हैं।

नैनीताल जिले का हाल

नैनीताल जिले में बीते 24 घंटों के दौरान मौसम बदला हुआ रहा। अधिकांश क्षेत्रों में बादल छाए रहे, जबकि कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी दर्ज की गई। लगातार बारिश के कारण कई सड़कें बाधित हुई हैं और उन्हें खोलने के लिए प्रशासन युद्धस्तर पर कार्य कर रहा है।

कहां कितनी हुई बारिश

नैनीताल: 26.0 मिमी
हल्द्वानी: 24.0 मिमी
कालाढूंगी: 17.0 मिमी
रामनगर: 9.0 मिमी
श्री कैंचीधाम: 13.0 मिमी
बेतालघाट: 11.5 मिमी
खनस्यू (ओखलकांडा): 6.0 मिमी

धारी और लालकुआं क्षेत्रों में रेन गेज उपलब्ध नहीं होने के कारण वर्षा का सटीक आंकड़ा प्राप्त नहीं हो सका।

नैनीताल जिले में कौन से रास्ते बंद हैं?

वर्तमान में नैनीताल जिले में 3 राज्य मार्ग और 4 ग्रामीण मार्ग बाधित हैं। बंद मार्गों में शामिल हैं..

रामनगर-भंडारपानी अमगड़ी मोटर मार्ग (राज्य मार्ग-71)

रामनगर-बोहराकोट-ओखलढुंगा-कालीपहाड़ी मोटर मार्ग (राज्य मार्ग-71)

गर्जिया-घुघतीधार-वेतालघाट-खैरना-ओडाखान-भटेलिया-मुक्तेश्वर मोटर मार्ग (राज्य मार्ग-62)

आईटीआई-कमोली मोटर मार्ग

हरतोला-सतपुरी मोटर मार्ग
बसगांव-जिलौली-तरी-सकदीना मोटर मार्ग

नौनी विनायक-अंबेडकर ग्राम रिखोली मोटर मार्ग

इन सभी मार्गों को शीघ्र खोलने का प्रयास जारी है।

यात्रियों के लिए सबसे जरूरी सूचना

हल्द्वानी-भवाली-अल्मोड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग-109 पर रामगढ़ पुल के पास मार्ग धंसने के कारण भारी वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई है। प्रशासन ने वाहन चालकों से वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करने और यात्रा से पहले सड़क की स्थिति की जानकारी लेने की अपील की है।

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बिजली, पानी और नालों की स्थिति

जिला प्रशासन के अनुसार नैनीताल जिले में विद्युत आपूर्ति, पेयजल व्यवस्था और नालों की स्थिति फिलहाल सामान्य बनी हुई है।

अगले तीन दिनों का मौसम पूर्वानुमान

22 जुलाई: उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना। सभी 13 जिलों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली की चेतावनी।

23 जुलाई: बागेश्वर और पिथौरागढ़ में भारी बारिश की संभावना। पूरे राज्य में तेज बारिश और बिजली चमकने की चेतावनी जारी।

24 जुलाई: देहरादून और नैनीताल में येलो अलर्ट। इन जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है, जबकि राज्य के सभी जिलों में गरज-चमक और तेज बारिश की संभावना बनी रहेगी।

प्रशासन की अपील

प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने, नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने तथा मौसम विभाग और जिला प्रशासन द्वारा जारी अपडेट पर नजर बनाए रखने की अपील की है। किसी भी आपात स्थिति में जिला आपदा नियंत्रण कक्ष के टोल फ्री नंबर 1077 पर संपर्क किया जा सकता है।


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