Category: देहरादून

  • गोर्खाली सुधार सभा,, रायवालाशाखा का वार्षिक अधिवेशन,,, मेघावी छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्तियाँ ,समाजसेवियों का किया सम्मान।

    गोर्खाली सुधार सभा,, रायवालाशाखा का वार्षिक अधिवेशन,,, मेघावी छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्तियाँ ,समाजसेवियों का किया सम्मान।

    देहरादून/रायवाला—  गोर्खाली सुधार सभा की रायवाला शाखाका वार्षिक अधिवेशन –कर्मठ शाखा अध्यक्ष श्री टीका बहादुर थापाजी की अध्यक्षता में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ |

    सर्वप्रथम शाखा अध्‍यक्षजी ने — केंद्रीय अध्यक्ष पदम सिंह थापा, उपाध्यक्ष श्रीमती पूजा सुब्बा चंद , महामंत्री  गोपाल क्षेत्री ,मीडिया प्रभारी प्रभा शाह का स्वागतअभिनंदन कियाl |

    तत्पश्चात् शाखा उपाध्यक्ष  विष्णु प्रसाद शर्मा ने शाखा के विगत वर्ष के कार्यो से अवगत कराया एवं कोषाध्यक्ष  महेश मल्ल ने
    आय – व्यय का सम्पूर्ण लेखा जोखा का ब्यौरा दिया |

    आज के वार्षिक अधिवेशन में माननीय पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं क्षेत्रीय विधायक प्रेम चंद अग्रवाल ने बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित होकर गोर्खाली सुधार सभा ऋषिकेश के भवन के जीर्णोद्धार कार्य के लिए विधायक निधि से सहयोग राशि से किये गये भवन का लोकार्पण भी किया ।

    समस्त उपस्थित जनसमुदाय ने माननीय विधायक प्रेमचंद अग्रवाल का आभार सहित धन्यवाद भी प्रकट किया।

    इस अवसर पर  तारा प्रसाद शर्मा , पंचायत सदस्य गीता थापा , एवं  अरविन्द क्षेत्री ने अपने विचार रखे |

    केंद्रीय पदाधिकारियों ने गोर्खाली सुधार सभा के कार्यो, उपलब्धियों एवं आगामी योजनाओं के विषयमें विस्तार से अवगत कराया |

    केंद्रीय अध्यक्ष  पदम सिंह थापा द्वारा शाखा के इन मेघावी छात्र/ छात्राओं को छात्रवृत्तियाँ प्रदान की गईं:—-
    १) हिमाद्रि गिरी, २) आरूषि शर्मा ,३)अर्नव शर्मा, (४) शिवम् गोसाईं , (५) सौम्या थापा,(६)प्रज्ञा क्षेत्री, (७)अथर्व थापा,
    (८)अन्वेषा गिरी, (९)ऋषभ शर्मा, (१०)सर्वज्ञ अधिकारी,(११) संस्कार क्षेत्री,, (१२)श्रेया अधिकारी,, (१३)केयोन गुरूंग, (१४)कुशल थापा, (१५)दीपक थापा,,(१६)समर्थ प्रधान, (१७)एंजल क्षेत्री, (१८) अक्षी, (१९) स्वीकार क्षेत्री।

    आज के कार्यक्रम में सम्मानित हुए-
    (१)श्री अशोक थापा , (२)नायब सुबेदार गौरवशाली क्षेत्री,
    ३)वयोवृद्ध श्री चम्पा सिंह क्षेत्री, ४) श्रीमती लक्ष्मी गुरूंग।

    केंद्रीय अध्यक्ष  पदम सिंह थापा ने शाखा अध्यक्ष  टी०बी०थापा एवं शाखा के कार्यों एवं सहयोग की सराहना की एवं भविष्यमें भी इसी प्रकार सहयोग की आशा व्यक्त की |

    उन्होंने छात्रों को शिक्षा एवं भाषाके प्रति जागरुकता का संदेश देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं भी दीं |

    इस अवसर पर शाखाके श्रीमती दुर्गा देवी, सपना गुसाईं, यशोदा शर्मा,खेम बहादुर , पूर्ण ध्वज गुरूंग, ऋषि राम शर्मा, एवं शाखा के वरिष्ठ महानुभावजन , मातृशक्तियाँ एवं युवाजन भारी संख्या में उपस्थित रहे |

  • उत्तराखंड – बड़ी कार्रवाई,,, 40 गिरफ्तार, पूरी चौकी सस्पैंड,,,,,।

    उत्तराखंड – बड़ी कार्रवाई,,, 40 गिरफ्तार, पूरी चौकी सस्पैंड,,,,,।

    उत्तराखंड—  देहरादून/ऋषिकेश : दून पुलिस ने अवैध जुआ और गैंबलिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए ऋषिकेश क्षेत्र में चल रही एक हाई-प्रोफाइल जुआ पार्टी का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में 40 लोगों को मौके से गिरफ्तार किया गया, जबकि जुआ चलाने वाले होटल को सील कर दिया गया।

    गोपनीय सूचना पर बड़ी कार्रवाई

    वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) देहरादून को अवैध गतिविधियों के संचालन की गोपनीय सूचना मिली थी। सूचना को गंभीरता से लेते हुए क्षेत्राधिकारी ऋषिकेश के नेतृत्व में कोतवाली ऋषिकेश की टीम गठित की गई।

    टीम ने हरिद्वार रोड स्थित होटल नवरंग में छापेमारी की, जहां बड़ी संख्या में लोग जुआ खेलते हुए पाए गए। मौके पर मौजूद सभी 40 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया गया।

    मौके से भारी मात्रा में बरामदगी

    छापेमारी के दौरान पुलिस ने जुआ खेलने में इस्तेमाल होने वाला सामान और नकदी बरामद की,,3356 कैसिनो क्वाइन,,26 ताश की गड्डियां,,₹1,37,600 नकद,,विभिन्न ब्रांड की शराब की बोतलें

    यह बरामदगी इस बात का संकेत देती है कि यह जुआ पार्टी बड़े स्तर पर संचालित की जा रही थी।

    दर्ज हुआ मुकदमा

    सभी गिरफ्तार अभियुक्तों के खिलाफ कोतवाली ऋषिकेश में
    मु0अ0सं0 123/2026 के तहत मामला दर्ज किया गया है, जिसमें जुआ अधिनियम की धारा 3/4/5, आबकारी अधिनियम की धारा 60/68 शामिल हैं।

    वहीं, होटल मालिक मौके से फरार बताया जा रहा है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगातार दबिश दे रही है।

    पुलिस लापरवाही पर सख्त एक्शन

    इस पूरे मामले में स्थानीय पुलिस की गंभीर लापरवाही सामने आने पर SSP देहरादून ने बड़ा कदम उठाया है।

    आईडीपीएल चौकी पर तैनात पूरे स्टाफ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

    एसएसपी डोभाल ने साफ कर दिया कि अब लापरवाही पर भी सख्ती से जवाबदेही तय की जाएगी।

    लगातार चल रहा अभियान

    SSP देहरादून द्वारा सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए गए हैं कि_अपने-अपने क्षेत्रों में अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों को चिन्हित करें, सघन चेकिंग और सत्यापन अभियान चलाएं, दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करें।

    इसी के तहत पूरे जनपद में लगातार अभियान चलाया जा रहा है।

    कई राज्यों से जुड़े लोग

    इस जुआ पार्टी में शामिल लोग केवल ऋषिकेश ही नहीं, बल्कि देहरादून, टिहरी, पौड़ी, दिल्ली, मेरठ, नोएडा और फरीदाबाद जैसे कई शहरों से पहुंचे थे।

    गिरफ्तार अभियुक्त

    पुलिस द्वारा कुल 40 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें स्थानीय निवासी के साथ-साथ अन्य जनपदों और राज्यों के लोग भी शामिल हैं।

    सभी नाम और पते पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार दर्ज किए गए हैं।

    1-अशोक थापा, पुत्र रवि थापा, गली नं. 30, कैनाल रोड, गुमानीवाला, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 29 वर्ष
    2-सूरज, पुत्र नन्दकिशोर व्यास, श्यामपुर भट्टोवाला, ऋषिकेश, उम्र 32 वर्ष
    3-हर्षवर्धन उर्फ पिंटू रावत, पुत्र मुकन्द सिंह, मालवीय नगर, ऋषिकेश, उम्र 60 वर्ष
    4-विनोद सिंह, पुत्र राम सिंह, गुमानीवाला, ऋषिकेश, उम्र 35 वर्ष
    5-नरेन्द्र पाल, पुत्र देव सिंह, गुमानीवाला, ऋषिकेश, उम्र 48 वर्ष
    6-सन्तन सिंह, पुत्र भगवान सिंह, ग्राम मुण्डाला, नरेन्द्रनगर, उम्र 43 वर्ष
    7-हितेश, पुत्र नत्थूराम शर्मा, श्यामपुर मुर्गी फार्म, ऋषिकेश, उम्र 35 वर्ष
    8-राकेश जोशी, पुत्र स्व0 विद्यादत्त जोशी, गुमानीवाला, ऋषिकेश, उम्र 50 वर्ष
    9-सोनू, पुत्र प्रेमसिंह, गली नं. 5, एनडीएस स्कूल पास, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 36 वर्ष
    10-मोहन सिंह, पुत्र भगवान सिंह, छिद्दरवाला, देहरादून, उम्र 38 वर्ष
    11-भगवान सिंह, पुत्र स्व0 ठाकुर सिंह, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 45 वर्ष
    12-गोपाल सिंह, पुत्र जगत सिंह, गुमानीवाला, ऋषिकेश, उम्र 46 वर्ष
    13-सुरेन्द्र सिंह, पुत्र गंगा सिंह, मंशा देवी, गुमानीवाला, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 53 वर्ष
    14-सलीम, पुत्र नसीम, कोटद्वार लकड़ीपड़ाव, पौड़ी गढ़वाल, उम्र 30 वर्ष
    15-बक्सी सिंह पंवार, पुत्र कमल सिंह पंवार, हाट रोड, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 45 वर्ष
    16-संजीव, पुत्र जयराम, करन विहार, थाना अमन विहार, दिल्ली, उम्र 34 वर्ष
    17-राहुल सिंह बिष्ट, पुत्र वीर सिंह बिष्ट, घनसाली, जिला टिहरी गढ़वाल, उम्र 28 वर्ष
    18-अभिषेक, पुत्र विनोद, कनकरखेडा, मेरठ, उत्तर प्रदेश, उम्र 22 वर्ष
    19-प्रमोद बिष्ट, पुत्र स्व0 जोत सिंह, टिहरी विस्थापित कालोनी, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 33 वर्ष
    20-राजेश सिंह, पुत्र गजेन्द्र, ग्राम बौराड़ी, भानियावाला, डोईवाला, देहरादून, उम्र 48 वर्ष
    21-गुरुप्रसाद, पुत्र विघ्यादत्त, नुन्नावाला, भानियावाला, डोईवाला, उम्र 38 वर्ष
    22-राहुल, पुत्र कमल सिंह, मेरठ ब्रहम्पुरी, गौतम नगर, उत्तर प्रदेश, उम्र 26 वर्ष
    23-त्रिलोक सिंह राणा, पुत्र सुन्दर सिंह राणा, कैनाल रोड, गुमानीवाला, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 43 वर्ष
    24-महेन्द्र सिंह, पुत्र बिशन सिंह, नुन्नावाला, भानियावाला, डोईवाला, देहरादून, उम्र 42 वर्ष
    25-शिव सिंह, पुत्र कुवर सिंह, ग्राम बौराड़ी, भानियावाला, डोईवाला, देहरादून, उम्र 39 वर्ष
    26-भगवती प्रसाद, पुत्र गुणानंद, खदरी, श्यामपुर, ऋषिकेश, उम्र 47 वर्ष
    27-लखदीप कुमार, पुत्र पीमसेन, रोहिणी सेक्टर-22, दिल्ली, उम्र 31 वर्ष
    28-सुशील रावत, पुत्र भारत सिंह रावत, ग्राम मानपुर, कोटद्वार, पौड़ी गढ़वाल, उम्र 40 वर्ष
    29-संजीव सिंह, पुत्र दीवान सिंह, विस्थापित निर्मल, ब्लॉक-ए, आईडीपीएल, ऋषिकेश, उम्र 38 वर्ष
    30-दीपक, पुत्र रमेश कुमार, करन विहार, थाना अमन विहार, दिल्ली, उम्र 28 वर्ष
    31-सिमरन, पुत्री अतपाल, रोहिणी सेक्टर-1, नई दिल्ली, उम्र 23 वर्ष
    32-अंजलि, पुत्री विवेक, फरीदाबाद, उम्र 20 वर्ष
    33-पवित्रा, पुत्री कविराज, सेक्टर-16, नई दिल्ली, उम्र 33 वर्ष
    34-सरिता लामा, पुत्री तुलसी बहादुर लामा, रोहिणी सेक्टर-16, दिल्ली, उम्र 39 वर्ष
    35-सानिया, पुत्री इरफान, एफ 383/14, गली नं. 14, रजोरी भजनपुरा, दिल्ली, उम्र 20 वर्ष
    36-प्रीति, पुत्री विजय सिंह, बेगमपुर, राजीवनगर, दिल्ली, उम्र 33 वर्ष
    37-मायरा, पुत्री मौहम्मद गुलाब, लक्ष्मीनगर, दिल्ली, उम्र 26 वर्ष
    38-सबीना, पुत्री कविराज, रोहिणी सेक्टर-16, दिल्ली, उम्र 29 वर्ष
    39-श्वेता, पत्नी श्री नरेश कुमार, गांव पसतरा, थाना जानी खुर्द, मेरठ, उम्र 24 वर्ष
    40-मनीषा कौशिक, पुत्री हरवीर कौशिक, चिपयाना गली नं. 06, ग्रेटर नोएडा, थाना बीसरक, उम्र 19 वर्ष

  • अगर आपका कोई अपना, खाड़ी देशों में है फँसा, तो यह खबर आपके लिए,,,,,।

    अगर आपका कोई अपना, खाड़ी देशों में है फँसा, तो यह खबर आपके लिए,,,,,।

    उत्तराखंड—   खाड़ी देशों और मध्य पूर्व एशिया में बिगड़ते हालात को देखते हुए उत्तराखण्ड सरकार ने अपने नागरिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने विदेशों में रह रहे, काम कर रहे या किसी कारणवश फंसे उत्तराखण्ड के लोगों की मदद के लिए विशेष व्यवस्था लागू की है।

    राज्य सरकार ने इस संवेदनशील मुद्दे पर त्वरित कार्रवाई करते हुए निवेदिता कुकरेती (विशेष सचिव, गृह विभाग) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है।
    उनका मुख्य कार्य होगा

    विदेश मंत्रालय, भारत सरकार से समन्वय
    संबंधित देशों में भारतीय दूतावासों से संपर्क
    प्रभावित नागरिकों को त्वरित सहायता और राहत
    राज्य और जिला स्तर पर समन्वय स्थापित करना

    हेल्पलाइन जारी – अब मदद बस एक कॉल दूर

    सरकार ने पुलिस मुख्यालय, देहरादून के माध्यम से हेल्पलाइन नंबर और ईमेल जारी किया है-

    मोबाइल – 9411112792
    ईमेल: [dgc-police-ua@nic.in](mailto:dgc-police-ua@nic.in)

    किसी भी प्रकार की परेशानी, संपर्क न होने या आपात स्थिति में इस हेल्पलाइन पर तुरंत संपर्क किया जा सकता है।

    सरकार ने स्पष्ट किया है कि खाड़ी देशों जैसे सऊदी अरब, UAE, कतर, कुवैत, ईरान, इजराइल और ओमान में रह रहे उत्तराखण्ड के नागरिकों को हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी।

    संपर्क करते समय दें ये जरूरी जानकारी

    मदद प्राप्त करने के लिए निम्न जानकारी देना अनिवार्य होगा:

    नाम और पिता/पति का नाम
    जिस देश में व्यक्ति मौजूद है
    पूरा पता (विदेश में)
    पासपोर्ट नंबर
    मोबाइल/व्हाट्सएप नंबर
    ईमेल आईडी
    वैकल्पिक संपर्क व्यक्ति (यदि संपर्क नहीं हो पा रहा हो)
    उत्तराखण्ड में पूरा पता
    उत्तराखण्ड में संपर्क व्यक्ति की जानकारी
    * अन्य आवश्यक विवरण

    मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन द्वारा जारी इस आदेश का उद्देश्य संकट की घड़ी में हर उत्तराखण्डवासी तक मदद पहुंचाना है।

    यह पहल न सिर्फ प्रशासन की संवेदनशीलता को दर्शाती है, बल्कि यह भरोसा भी दिलाती है कि “दूर रहकर भी अपने अकेले नहीं हैं, सरकार हर पल उनके साथ खड़ी है।”

  • उत्तराखण्ड में बड़ा फेरबदल:– मंत्रियों को सौंपी गई जिलों की जिम्मेदारी,,,,,।

    उत्तराखण्ड में बड़ा फेरबदल:– मंत्रियों को सौंपी गई जिलों की जिम्मेदारी,,,,,।

    देहरादून—  उत्तराखण्ड सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर एक अहम फैसला लेते हुए राज्य के सभी जनपदों के लिए प्रभारी मंत्रियों की नई नियुक्ति कर दी है। नियोजन अनुभाग-1 द्वारा जारी कार्यालय ज्ञापन (संख्या: 297/XXV1/2026-एक (15)/2009) के तहत पूर्व में जारी सभी आदेशों को निरस्त करते हुए यह नई व्यवस्था लागू की गई है।

    राज्यपाल की स्वीकृति के बाद अब ये मंत्री अपने-अपने आवंटित जिलों में जिला नियोजन एवं अनुश्रवण समिति के साथ-साथ विकास कार्यों की निगरानी की जिम्मेदारी संभालेंगे।

    जनपदवार प्रभारी मंत्रियों की सूची

    सतपाल महाराज – हरिद्वार
    गणेश जोशी – टिहरी एवं रुद्रप्रयाग
    डॉ. धन सिंह रावत – अल्मोड़ा
    सुबोध उनियाल – देहरादून
    रेखा आर्य – पिथौरागढ़
    सौरभ बहुगुणा – उत्तरकाशी
    खजान दास – नैनीताल
    भरत चौधरी – चमोली एवं चम्पावत
    मदन कौशिक – पौड़ी
    प्रदीप बत्रा – ऊधमसिंह नगर
    राम सिंह कैड़ा – बागेश्वर

  • SGRR मेडिकल कॉलेज छात्रा की संदिग्ध मौत,,,, विभागाध्यक्ष पर मानसिक उत्पीड़न का अरोप,, फेल करने की धमकी और पैसों की मांग,,,  महिला आयोग ने लिया कड़ा संज्ञान।

    SGRR मेडिकल कॉलेज छात्रा की संदिग्ध मौत,,,, विभागाध्यक्ष पर मानसिक उत्पीड़न का अरोप,, फेल करने की धमकी और पैसों की मांग,,, महिला आयोग ने लिया कड़ा संज्ञान।

    देहरादून—   उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने SGRR मेडिकल कॉलेज की पीजी छात्रा डॉ. तनवी की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु के मामले का अत्यंत गंभीर एवं स्वतः संज्ञान लिया है।

    सोशल मीडिया के माध्यम से प्राप्त वायरल वीडियो और मीडिया रिपोर्ट्स पर त्वरित प्रतिक्रिया देते हुए अध्यक्ष ने पुलिस प्रशासन को इस प्रकरण में तत्काल कड़ी कार्रवाई एवं निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए है।

    देहरादून स्थित SGRR मेडिकल कॉलेज की पीजी छात्रा डॉ. तनवी अपनी कार में संदिग्ध अवस्था में अचेत मिली थीं, जिन्हें अस्पताल ले जाने पर चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। इस हृदयविदारक घटना ने चिकित्सा जगत और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मचा दिया है।

    मामले की गंभीरता तब और बढ़ गई जब मृतका के पिता ने विभागाध्यक्ष पर अत्यंत संगीन आरोप लगाए। वीडियो के माध्यम से पिता ने आरोप लगाए है कि विभागाध्यक्ष द्वारा उनकी पुत्री का लंबे समय से मानसिक उत्पीड़न किया जा रहा था।

    उन्होंने यह भी साझा किया कि छात्रा को लगातार फेल करने की धमकियां दी जा रही थीं और अवैध रूप से पैसों की मांग भी की गई थी। मृतका के पिता ने दावा किया है कि उनके पास इन सभी उत्पीड़नकारी गतिविधियों और कॉल की सभी रिकॉर्डिंग साक्ष्य के रूप में मौजूद हैं।

    आयोग अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए पुलिस अधीक्षक देहरादून, शहर प्रमोद कुमार को निर्देशित किया कि प्रकरण की अत्यंत सूक्ष्मता और गंभीरता से जांच होनी चाहिए।

    उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच के दौरान जो भी तथ्य और साक्ष्य प्रकाश में आएं, उनके आधार पर बिना किसी विलंब के कठोरतम वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

    अध्यक्ष ने कहा कि किसी भी शिक्षण संस्थान में बेटियों का उत्पीड़न और उन पर मानसिक दबाव बनाना असहनीय है और आयोग इस मामले में पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।

    उन्होंने बताया की पुलिस द्वारा मृतका के पिता की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी है। महिला आयोग ने पुलिस विभाग से इस मामले में जांच रिपोर्ट आयोग को प्रेषित करने के लिए भी कहा है और निर्देशित किया है कि साक्ष्यों के साथ कोई छेड़छाड़ न हो, ताकि पीड़ित पक्ष को उचित न्याय मिल सके।

  • कनेक्टिविटी— देहरादून-पिथौरागढ़ हवाई सेवा शुरू,,,, सीएम धामी ने दिखाई हरी झंडी।

    कनेक्टिविटी— देहरादून-पिथौरागढ़ हवाई सेवा शुरू,,,, सीएम धामी ने दिखाई हरी झंडी।

    देहरादून—   उत्तराखंड में हवाई कनेक्टिविटी को नई उड़ान देते हुए गुरुवार को देहरादून से पिथौरागढ़ के बीच बहुप्रतीक्षित हवाई सेवा का शुभारंभ कर दिया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जॉलीग्रांट एयरपोर्ट से इस सेवा को हरी झंडी दिखाई।

    देहरादून से पिथौरागढ़ हवाई सेवा शुरू मुख्यमंत्री धामी ने दिखाई हरी झंडी

    यह उड़ान केंद्र सरकार की UDAN योजना के तहत Alliance Air द्वारा 42 सीटर विमान से संचालित की जा रही है।

    सीएम ने कहा कि रामनवमी के शुभ अवसर पर शुरू हुई यह सेवा गढ़वाल और कुमाऊं के बीच आवागमन को आसान बनाएगी। अब पिथौरागढ़ से देहरादून का 12 से 14 घंटे का लंबा सफर घटकर महज एक घंटे में पूरा हो सकेगा। उन्होंने इसे सामरिक और आर्थिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण बताया।

    उन्होंने कहा कि UDAN योजना के माध्यम से छोटे शहरों और दूरस्थ क्षेत्रों को हवाई नेटवर्क से जोड़कर आम नागरिकों के लिए सस्ती हवाई सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। केंद्र सरकार ने हाल ही में UDAN 2.0 को मंजूरी दी गई है, जिसके तहत आने वाले सालों में नए एयरपोर्ट और हेलीपैड विकसित किए जाएंगे।

    सीएम बोले- राज्य में 26 हवाई मार्गों पर उड़ानें संचालित हो रही

    सीएम ने बताया कि पर्वतीय राज्य उत्तराखंड में हवाई सेवाएं केवल परिवहन का साधन नहीं, बल्कि जीवन रेखा बन चुकी हैं। दुर्गम क्षेत्रों में आपात सेवाएं, मरीजों का त्वरित इलाज और जरूरी वस्तुओं की आपूर्ति में हवाई सेवाएं अहम भूमिका निभा रही हैं। वर्तमान में राज्य में 26 हवाई मार्गों पर उड़ानें संचालित हो रही हैं, जबकि हेलिपोर्ट और हेलीपैड की संख्या में भी लगातार बढ़ोतरी हुई है।

    देहरादून से नैनी सैनी हवाई अड्डे तक यह सेवा नियमित रूप से संचालित की जाएगी। सरकार पिथौरागढ़ एयरपोर्ट के विस्तार और अन्य जिलों को हवाई नेटवर्क से जोड़ने की दिशा में भी तेजी से काम कर रही है, जिससे पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बूस्ट मिलने की उम्मीद है।

  • अब नही चलेगी स्कूलों की मनमर्जी,,,,,,अब नियम से तय होगा किराया।

    अब नही चलेगी स्कूलों की मनमर्जी,,,,,,अब नियम से तय होगा किराया।

    नैनीताल/देहरादून—  उत्तराखंड में स्कूली बच्चों के अभिभावकों के लिए एक बड़ा और अहम फैसला सामने आया है। अब राज्य में पहली बार स्कूल बस और स्कूल वैन का किराया आधिकारिक रूप से तय कर दिया गया है।

    राज्य परिवहन प्राधिकरण ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी स्कूलों को अब इसी तय मानक के अनुसार ही परिवहन शुल्क लेना होगा।

    यह निर्णय 25 मार्च 2026 को हुई राज्य परिवहन प्राधिकरण की बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता परिवहन आयुक्त बृजेश कुमार संत ने की। बैठक में लोक निर्माण विभाग, विधि विभाग और परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।

    हाईकोर्ट के आदेश के बाद लिया गया बड़ा फैसला

    यह फैसला उत्तराखंड उच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद लिया गया है।
    जनहित याचिका (संख्या-161/2024) में अदालत ने 22 सितंबर 2025 को आदेश दिया था कि स्कूल वाहनों के किराये को नियंत्रित और पारदर्शी बनाया जाए।

    इसके बाद संयुक्त परिवहन आयुक्त राजीव कुमार मेहरा की अध्यक्षता में एक समिति बनाई गई, जिसने सभी खर्चों जैसे वाहन लागत, ईंधन, ड्राइवर वेतन, मेंटेनेंस, बीमा आदि का विस्तृत अध्ययन किया।

    स्कूल बस का नया मासिक किराया (प्रति छात्र)

    1 से 10 किमी – ₹2200

    10 से 20 किमी – ₹2700

    20 से 30 किमी – ₹3200

    30 किमी से अधिक – ₹3700

    स्कूल वैन (टैक्सी/मैक्सी) का मासिक किराया (प्रति छात्र)

    1 से 5 किमी – ₹2100

    5 से 10 किमी – ₹2500

    10 से 20 किमी – ₹3000

    20 किमी से अधिक – ₹3500

    क्या बदलेगा इस फैसले से?

    मनमाने शुल्क पर लगेगी रोक

    अभिभावकों को मिलेगी राहत और पारदर्शिता

    स्कूलों को तय मानक के अनुसार ही शुल्क लेना होगा

    परिवहन व्यवस्था में आएगी एकरूपता

  • हज 2026:- तीसरी किस्त जमा करने की अहम सूचना जारी।

    हज 2026:- तीसरी किस्त जमा करने की अहम सूचना जारी।

    देहरादून—  हज यात्रा 2026 की तैयारियां अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। इसी क्रम में हज कमेटी ऑफ इंडिया, मुंबई द्वारा जारी सर्कुलर संख्या 35 (दिनांक 23 मार्च 2026) के तहत चयनित हज यात्रियों के लिए बैलेंस धनराशि की तीसरी और अंतिम किस्त निर्धारित कर दी गई है।

    यह सूचना विशेष रूप से उन यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण है, जो दिल्ली इम्बारकेशन प्वाइंट से पवित्र हज यात्रा पर रवाना होंगे।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिन हज यात्रियों ने कुर्बानी (Qurbani) का विकल्प चुना है, उन्हें ₹86,580 प्रति व्यक्ति की राशि जमा करनी होगी। वहीं, जिन यात्रियों ने कुर्बानी का विकल्प नहीं (NO) चुना है, उनके लिए ₹69,300 प्रति व्यक्ति की राशि निर्धारित की गई है।

    यात्रियों को यह सुविधा दी गई है कि वे यह राशि भारतीय स्टेट बैंक या यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की शाखाओं में पे-इन स्लिप के माध्यम से जमा कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, डिजिटल माध्यम को बढ़ावा देते हुए हज कमेटी की आधिकारिक वेबसाइट के जरिए ऑनलाइन भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।

    समय सीमा का विशेष ध्यान

    तीसरी किस्त जमा करने की अंतिम तिथि 31 मार्च 2026 निर्धारित की गई है। ऐसे में सभी चयनित यात्रियों से अपील की गई है कि वे तय समय सीमा के भीतर अपनी धनराशि अवश्य जमा करें, ताकि उनकी यात्रा प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो।

    धनराशि जमा करने के बाद यात्रियों के लिए यह अनिवार्य किया गया है कि वे अपनी पे-इन स्लिप को शीघ्र ही उत्तराखण्ड राज्य हज समिति, हज हाउस पिरान कलियर में जमा कराएं। यह प्रक्रिया हज यात्रा के दस्तावेजी सत्यापन और आगे की औपचारिकताओं के लिए बेहद जरूरी मानी जा रही है।

    उत्तराखण्ड राज्य हज समिति के अधिशासी अधिकारी मोहम्मद आरिफ ने सभी चयनित यात्रियों से अपील की है कि वे इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया को समय रहते पूरा करें और किसी भी तरह की लापरवाही से बचें।

  • धामी कैबिनेट ने लगाई बड़े फैसलों पर मुहर,,,, 16 प्रस्तावों को दी मंजूरी..।

    धामी कैबिनेट ने लगाई बड़े फैसलों पर मुहर,,,, 16 प्रस्तावों को दी मंजूरी..।

    देहरादून—   मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में पूर्व सैनिकों और पूर्व अग्निवीरों के लिए ‘उत्तराखंड वीर उद्यमी योजना’ को मंजूरी दी गई। इस नई योजना के तहत स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए लाभार्थियों को 5% अतिरिक्त सब्सिडी दी जाएगी, जबकि एक ही परिवार के दो सैनिक भी इसका फायदा ले सकेंगे।

    करीब तीन घंटे चली इस बैठक में कुल 16 प्रस्तावों पर चर्चा के बाद कई अहम फैसले लिए गए। सरकार ने इस योजना को मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के पूरक के रूप में लागू करने का निर्णय लिया है, जिससे सैन्य पृष्ठभूमि वाले युवाओं को आर्थिक मजबूती मिल सके।

    इसके अलावा बैठक में गेहूं खरीद नीति, ई-व्हीकल को बढ़ावा देने के लिए ब्याज में छूट और मुफ्त बिजली योजना से जुड़े फैसलों को भी मंजूरी दी गई, जिन्हें प्रशासनिक और आर्थिक सुधार के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

    बड़े फैसलों पर एक नजर

    न्यायिक अधिकारियों को ई-व्हीकल पर राहत

    कैबिनेट ने न्याय विभाग के तहत न्यायिक अधिकारियों को वाहन खरीद के लिए रियायती ऋण देने का फैसला लिया है। इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने पर 4% और अन्य वाहनों पर 5% ब्याज दर में छूट दी जाएगी। इस निर्णय का उद्देश्य पर्यावरण अनुकूल वाहनों को बढ़ावा देना और सरकारी तंत्र में ई-व्हीकल की हिस्सेदारी बढ़ाना है।

    वन विभाग में सेवा अवधि की शर्त कम

    वन विभाग में मुख्य प्रशासनिक अधिकारी के पद के लिए अर्हता में बदलाव किया गया है। अब इस पद के लिए न्यूनतम सेवा अवधि 25 वर्ष से घटाकर 22 वर्ष कर दी गई है। इससे विभाग में पदोन्नति के अवसर बढ़ेंगे और प्रशासनिक ढांचे में तेजी आने की उम्मीद है।

    मुफ्त बिजली योजना में सब्सिडी का दायरा तय

    प्रधानमंत्री मुफ्त बिजली योजना के तहत 31 मार्च 2025 तक जिन उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन लगाए जा चुके हैं, उन्हें सब्सिडी देने का निर्णय लिया गया है। इससे लाभार्थियों को सीधे राहत मिलेगी और योजना का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित होगा।

    गेहूं खरीद नीति को मंजूरी

    राज्य सरकार ने वर्ष 2025 के लिए गेहूं खरीद नीति को मंजूरी दे दी है। इसके तहत 2585 रुपए प्रति क्विंटल की दर से किसानों से गेहूं खरीदा जाएगा। कुल 2.2 लाख मीट्रिक टन खरीद का लक्ष्य रखा गया है, जिससे किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ मिलेगा।
    पूर्व सैनिकों के लिए ‘वीर उद्यमी योजना’

    कैबिनेट ने ‘उत्तराखंड वीर उद्यमी योजना’ को नई योजना के रूप में मंजूरी दी है, जिसे मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के पूरक के तौर पर लागू किया जाएगा। यह योजना पूर्व सैनिकों और पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित रहेगी। एक ही परिवार के दो सैनिकों को भी इसका लाभ मिलेगा और लाभार्थियों को 5% अतिरिक्त सब्सिडी दी जाएगी।

    कैबिनेट के अन्य अहम फैसले…

    PWD प्रोजेक्ट को मंजूरी- ADB के तहत ब्रिज इम्प्रूवमेंट प्रोजेक्ट में 1 करोड़ रुपए से अधिक की कंसल्टेंसी को मंजूरी।

    उच्च शिक्षा में बड़ा फैसला- स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय के परिनियमों को निजी विश्वविद्यालय अधिनियम के तहत स्वीकृति।

    होमगार्ड्स नियमावली में संशोधन- होमगार्ड समूह ‘ख’ सेवा संशोधन नियमावली को कैबिनेट की मंजूरी।

    पुलिस को हाईटेक ट्रेनिंग- फॉरेंसिक, साइबर और IT प्रशिक्षण के लिए NIELIT के माध्यम से विशेषज्ञ नियुक्त किए जाएंगे।

    भर्ती आयु सीमा में राहत- नई आयु सीमा 2028 के बाद लागू होगी, अभ्यर्थियों को 3 साल की राहत दी गई।

    SI भर्ती में संशोधन- उपनिरीक्षक भर्ती में अभ्यर्थियों को दोबारा मौका मिलेगा, जबकि जहां हाइट बढ़ाई गई थी वहां पुरानी व्यवस्था लागू रहेगी।

    शिक्षकों के प्रमोशन पर कमेटी- एडेड स्कूल शिक्षकों की पुरानी सेवा को प्रमोशन में मान्यता देने के लिए मंत्री उपसमिति बनेगी।

    मंडी शुल्क यथावत- गेहूं और धान की खरीद पर 2% मंडी शुल्क जारी रहेगा।

    पूर्व सैनिकों को आरक्षण- स्वरोजगार योजनाओं में पूर्व सैनिक और अग्निवीरों को 10% आरक्षण मिलेगा।

    परिवार को भी फायदा- पति-पत्नी दोनों पूर्व सैनिक/अग्निवीर होने पर दोनों को योजना का फायदा मिलेगा।

    सेतु आयोग को मंजूरी- राज्य योजना आयोग की जगह बने सेतु आयोग के ढांचे और कार्यक्षेत्र को स्वीकृति।

    सरकारी संपत्ति वसूली कानून लागू करने की तैयारी

    साल 2025 में बनाए गए सरकारी संपत्ति वसूली अधिनियम को लागू करने के लिए नियमावली तैयार करने को मंजूरी दी गई है। इसके लागू होने के बाद सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों से वसूली की प्रक्रिया और अधिक सख्त और व्यवस्थित हो सकेगी।

  • रेशम, साइलेज व सामूहिक खेती से मजबूत होगी किसानों की आर्थिकी- धन सिंह

    रेशम, साइलेज व सामूहिक खेती से मजबूत होगी किसानों की आर्थिकी- धन सिंह

    देहरादून—  उत्तराखंड में सहकारिता के माध्यम से बहुउद्देशीय सहकारी समितियों को सशक्त बनाने की दिशा में राज्य सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से व्यापक कार्य किया जा रहा है।

    कृषि, मिलेट्स, रेशम उत्पादन, सब्जी क्रय, बायोफर्टिलाइजर वितरण, साइलेज विक्रय और सामूहिक सहकारी खेती जैसी गतिविधियों से समितियों की आय में भी निरंतर वृद्धि हो रही है तथा किसानों और ग्रामीण परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूती मिल रही है।

    राज्य में मिलेट्स मिशन के अंतर्गत 214 क्रय केंद्रों के माध्यम से लगभग 53,000 कुंतल मंडुवा की खरीद की गई है। इस खरीद पर सहकारी समितियों को ₹100 प्रति कुंतल सेवा शुल्क के आधार पर लगभग ₹53 लाख की आय प्राप्त हुई है।

    इसी प्रकार मुख्यमंत्री घसियारी कल्याण योजना के अंतर्गत सहकारी समितियों के माध्यम से साइलेज का वितरण किया जा रहा है। राज्य में कुल 181 केंद्रों (गढ़वाल में 96 और कुमाऊं में 85) के माध्यम से लगभग 20,000 टन उच्च गुणवत्ता का साइलेज विक्रय किया गया है, जिससे सहकारी समितियों को लगभग ₹63 लाख की आय प्राप्त हुई है।

    उत्तराखंड सहकारी संघ के माध्यम से टिहरी और उत्तरकाशी जनपदों में पांच सहकारी समितियों द्वारा किसानों से सीधे सब्जियों की खरीद की जा रही है। वर्तमान वर्ष में अब तक किसानों से लगभग ₹1.50 करोड़ मूल्य की सब्जियों की खरीद की जा चुकी है, जिन्हें बाजार में बेहतर मूल्य पर विक्रय किया गया है।

    इस प्रक्रिया में सहकारी समितियों को लगभग ₹3 लाख की आय प्राप्त हुई है। आगामी 1 अप्रैल से 22 सहकारी समितियों के माध्यम से सब्जी क्रय कार्य का विस्तार किया जाएगा, जिससे समितियों को 2 प्रतिशत लाभांश प्राप्त होगा। इसके अतिरिक्त बायोफर्टिलाइजर के क्रय-विक्रय में भी सहकारी समितियां सक्रिय रूप से भागीदारी निभा रही हैं, जिससे 14 समितियों को लगभग ₹68.38 लाख की आय प्राप्त हुई है।

    माधो सिंह भंडारी सामूहिक सहकारी खेती योजना के अंतर्गत अनुपयोगी भूमि को उपयोग में लाते हुए फूलों की खेती को बढ़ावा दिया जा रहा है। वर्तमान में चमोली और पौड़ी जनपद में लगभग 500 नाली भूमि पर गुलाब और ग्लेडियोलस के फूलों की खेती सहकारी समितियों के माध्यम से की जा रही है।

    अब तक इस पहल से समितियों को लगभग ₹10 लाख की आय प्राप्त हो चुकी है और भविष्य में इसे व्यापक स्तर पर लागू करने के लिए मास्टर प्लान तैयार किया जा रहा है।

    इसी क्रम में धान खरीद कार्यक्रम के अंतर्गत राज्य की 115 गृह सहकारी समितियों को लगभग ₹63 लाख की आय प्राप्त हुई है।

    सहकारिता क्षेत्र में रेशम उत्पादन भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उत्तराखंड को-ऑपरेटिव रेशम फेडरेशन अपने सदस्य कीटपालन सहकारी समितियों के माध्यम से कच्चे रेशम कोया का उत्पादन कराता है और जिन कीटपालकों को अपने उत्पाद के विपणन में कठिनाई होती है, उन्हें 100 प्रतिशत विपणन सुविधा और त्वरित भुगतान उपलब्ध कराया जाता है।

    वर्तमान में राज्य में लगभग 6500 रेशम कीटपालक रेशम उत्पादन से जुड़े हुए हैं। इनमें से लगभग 4000 कीटपालकों से फेडरेशन द्वारा करीब 25,000 किलोग्राम कच्चे रेशम कोया की खरीद की जाती है। इस कच्चे रेशम को पूर्ण उत्पादन श्रृंखला में उपयोग करते हुए विभिन्न प्रकार के रेशमी उत्पाद तैयार किए जाते हैं।

    फेडरेशन के माध्यम से वर्तमान में 150 से अधिक बुनकर परिवारों को रेशम बुनाई के कार्य से जोड़ा गया है, जिससे प्रतिवर्ष लगभग 15,000 से अधिक मानव दिवसों का रोजगार सृजित हो रहा है।

    वित्तीय वर्ष 2025-26 में उत्तराखंड को-ऑपरेटिव रेशम फेडरेशन द्वारा लगभग ₹6.30 करोड़ मूल्य के रेशम उत्पादों का उत्पादन किया गया, जबकि ₹2.53 करोड़ के रेशम वस्त्रों का विक्रय किया गया।

    उत्तराखंड सहकारी संघ के प्रबंध निदेशक आनंद शुक्ला ने कहा कि सहकारिता के माध्यम से किसानों, कीटपालकों और बुनकरों को बाजार से जोड़ने की दिशा में लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

    उन्होंने कहा कि मिलेट्स, सब्जी क्रय, बायोफर्टिलाइजर, रेशम उत्पादन और सामूहिक खेती जैसी गतिविधियों से सहकारी समितियों की आय में वृद्धि हो रही है और भविष्य में इन गतिविधियों का और अधिक विस्तार किया जाएगा।