Spread the love

उत्तराखंड—   उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने काशीपुर में स्थित आईआईएम का वर्ष 2021 से 2023 के बीच करीब 8 करोड़ रुपये का आडिट नही कराए जाने के मामले पर सुनवाई की।

मामले की सुनवाई के बाद मुख्य न्यायधीश की अध्यक्षता वाली खण्डपीठ ने सचिव उच्च शिक्षा को निर्देश दिए हैं कि इस प्रकरण की जांच चार माह के भीतर करना सुनिश्चित करें और साथ मे याचिकाकर्ता की याचिका को एक प्रत्यावेदन की तरह माने, जो आरोप याचिका में लगाए गए हैं उनका निस्तारण विधि अनुसार निस्तारण करें।

मामले के अनुसार काशीपुर निवासी सुखविंदर सिंह ने जनहित याचिका दायर कर कहा है कि काशीपुर में स्थित आईआईएम का वर्ष 2021 से 2023 के बीच का करीब 8 करोड़ रुपये का ऑडिट नही हुआ है। जबकि जारी बजट का ऑडिट कराने का प्रावधान है। लेकिन अभी तक इसका ऑडिट नही कराया गया। न ही बोर्ड ऑफ गवनर्स ने आडिट कराने की सूद ली।

इससे प्रतीत होता है कि इसमें कुछ अनियमितता हुई हैं। इसलिए वर्ष 21 से 2023 तक के बजट का ऑडिट कराया जाय।

मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने सचिव उच्च शिक्षा से कहा है कि चार सप्ताह में इसकी जाँच करके अपनी रिपोर्ट कोर्ट में पेश करें।


Spread the love

You missed