उत्तराखंड— उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश ने पहाड़ से मैदान तक मुश्किलें बढ़ा दी हैं। चमोली की नीती घाटी में बादल फटने के बाद तमक नाला उफान पर आ गया, जिससे करीब 40 मीटर लंबा वैली ब्रिज तेज बहाव और मलबे की चपेट में आकर बह गया।
पुल बहने के दौरान BRO/GRIEF की स्कॉर्पियो समेत तीन वाहन प्रभावित हुए। स्कॉर्पियो में सवार BRO कर्मचारी NK पंकज कुमार के बहने की सूचना है। उनकी तलाश में NDRF, SDRF और पुलिस की टीमें रेस्क्यू अभियान चला रही हैं।
भारी बारिश और अंधेरे के कारण रेस्क्यू में दिक्कतें आ रही हैं। सुरक्षा को देखते हुए सुरईथोटा से तमक की ओर वाहनों की आवाजाही रोक दी गई है। पुल बहने का वीडियो भी सामने आया है।
17 गांवों का संपर्क प्रभावित
तमक नाले पर बना यह पुल सीमांत क्षेत्र के करीब 17 गांवों के लिए महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग था। इसी रास्ते से ग्रामीणों के साथ सेना और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के वाहनों की आवाजाही होती थी। पुल बहने के बाद प्रशासन वैकल्पिक मार्ग को जल्द बहाल करने में जुटा है।
ज्योतिर्मठ के उपजिलाधिकारी चंद्रशेखर वशिष्ठ के मुताबिक अतिवृष्टि के कारण तमक नाले में अचानक तेज उफान आया, जिससे वैली ब्रिज बह गया। BRO कर्मचारी के बहने की सूचना के बाद रेस्क्यू टीमें लगातार तलाश में जुटी हैं।
उत्तरकाशी में हाईवे बंद, देहरादून में घरों में घुसा पानी
भारी बारिश का असर उत्तरकाशी में भी दिखा, जहां गंगोत्री नेशनल हाईवे पर हेल्गूगाड़ के पास पहाड़ी से बोल्डर गिरने के कारण यातायात बाधित हो गया। BRO की टीम मलबा हटाने में जुटी है।
देहरादून के चंद्रबनी में 80 से ज्यादा घरों में पानी घुसने से 200 से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं। कारगी के चानचक में नदी किनारे बने तीन मकान भी ध्वस्त हो गए। हरिद्वार में सड़कों पर घुटनों तक पानी भर गया, जबकि रुड़की की कई सड़कें जलभराव से तालाब में तब्दील हो गईं।
बारिश और भूस्खलन के कारण 1,400 से ज्यादा गांवों में बिजली आपूर्ति प्रभावित होने की सूचना है।
इन जिलों में स्कूल बंद
खराब मौसम को देखते हुए बागेश्वर में कक्षा 12 तक और पिथौरागढ़ में प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक के स्कूल बंद किए गए हैं।
मौसम विभाग ने बागेश्वर, पिथौरागढ़ और चमोली में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, नैनीताल और चंपावत समेत अन्य जिलों में भी भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है।
अगले तीन दिन मौसम का हाल
11 अगस्त: उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, देहरादून, टिहरी, पौड़ी, नैनीताल और बागेश्वर में यलो अलर्ट। कई स्थानों पर भारी बारिश और पर्वतीय क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश की संभावना।
12 अगस्त: देहरादून, टिहरी और बागेश्वर में यलो अलर्ट। पर्वतीय क्षेत्रों में तेज बारिश और आकाशीय बिजली का खतरा बना रहेगा।
13 अगस्त: देहरादून, पिथौरागढ़ और चंपावत में यलो अलर्ट। पर्वतीय जिलों में भारी बारिश, गरज-चमक और आकाशीय बिजली की आशंका है।
प्रशासन ने लोगों और यात्रियों से मौसम को देखते हुए नदियों-नालों से दूर रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
